भूल कर भी ये 6 चीजें Google में मत सर्च करना, हो जाएगा बड़ा नुकसान

जब भी हमे किसी चीज के बारे में जानना होता है तो उसे हम गूगल में सर्च कर लेते हैं या किसी को भी सलाह देते हैं कि इसे गूगल कर लो। एक तरह से देखा जाए तो हमारे हाथ में जो एंड्रॉयड फोन है वो अलादीन के चिराग से भी ज्यादा पॉवरफुल है। उसमे मौजूद गूगल हमारे हर सवाल का जवाब देता है। हम गूगल से जो कुछ पूछते हैं वह उसके एक-दो नहीं बल्कि हजारों जवाब बताता है।

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लेकिन कहते हैं न कि हर अच्छी चीज में एक बुरी बात जरूर होती है। गूगल में भी है। गूगल हमें सर्च के रिजल्ट्स दिखाता है लेकिन वो ये नहीं बताता है कि इनमे से कौन सा रिजल्ट सही है और कौन सा गलत। अगर हम गलत रिजल्ट पर क्लिक कर देते हैं तो हम मुश्किल में फंस सकते हैं। यहां तक कि हमे जेल भी हो सकती है। अब आप सोच रहे होंगे कि ऐसी कौन सी चीज है जो हमे गूगल में सर्च नहीं करनी चाहिए। आज इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि आपको गूगल में क्या सर्च नहीं करना चाहिए।

1) कस्टमर केयर का नम्बर

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अक्सर न्यूज में खबर आती है कि किसी व्यक्ति ने कस्टमर केयर से बात किया और उसके कुछ ही देर के अंदर उसका बैंक अकाउंट खाली हो गया। ऐसा क्यों हुआ ये जानने के लिए जब उस व्यक्ति से पूछा जाता है कि आपको कस्टमर केयर का नम्बर कहां से मिला था तो वो कहता है कि गूगल में सर्च किया था।

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हम यहां बताना चाहेंगे कि भूल कर भी कभी भी किसी भी बैंक या शॉपिंग साइट्स या किसी सरकारी विभाग के कस्टमर केयर का नम्बर गूगल में सर्च न करें। दरअसल बहुत सारे स्कैमर्स या हैकर्स फेक कस्टमर केयर नम्बर को कई वेबसाइट्स पर ऐड कर देते हैं और उसका SEO इस तरह से करते हैं कि गूगल सर्च में बैंक के कस्टमर केयर नम्बर की जगह वो फ्रॉड वाला नम्बर दिखता है। जिस पर कॉल करने के बाद स्कैमर्स आपके बैंक अकाउंट को खाली कर देते हैं।

अब आप पूछेंगे कि कस्टमर केयर का नम्बर कहां से लें तो इसके लिए आप बैंक या शॉपिंग वेबसाइट्स के ऐप्प में जाएं। वहां आपको कस्टमर केयर का नम्बर मिल जाएगा। इसके अलावा बैंक में भी जाने पर वहां के कर्मचारी आपको कस्टमर केयर का नम्बर बता देंगे।

2) बैंक की वेबसाइट

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आजकल ज्यादातर लोग नेट बैंकिंग का प्रयोग करने लगे हैं। लेकिन जब उन लोगों को अपने बैंक अकाउंट में लॉगिन करना होता है तो वो गूगल में उस बैंक का नाम लिख कर सर्च कर देते हैं और जो पहला रिजल्ट आता है उस पर क्लिक कर देते हैं। हम आपको बताना चाहेंगे कि ये बहुत ही गलत है। स्कैमर्स कस्टमर केयर के नम्बर की तरह बैंक वेबसाइट से मिलती-जूलती वेबसाइट बना देते हैं और बेहतर SEO  के जरिए उसे गूगल सर्च में नम्बर वन पर पहुँचा देते हैं।

ऐसे में जब आप गूगल सर्च से मिले लिंक को बैंक की वेबसाइट समझ कर क्लिक करते हैं तो आप बैंक की जगह स्कैमर्स द्वारा बनाई गई वेबसाइट पर पहुँच जाते हैं। चूंकि स्कैमर्स की वेबसाइट का पूरा लेआउट बैंक की वेबसाइट से मिलता जूलता है इसलिए आपको पता ही नही चलता और आप अपनी पूरी डिटेल वहां सबमिट कर देते हैं जिसका नतीजा ये होता है कि कुछ ही मिनटों में आपका पूरा अकाउंट खाली हो जाता है। इस तरह के फ्रॉड से बचने के लिए आप हमेशा अपने ब्राउजर के एड्रेस बार में बैंक एग्जैक्ट यूआरएल यानि वेबसाइट एड्रेस टाइप करें।

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अगर आपको बैंक की वेबसाइट का यूआरएल नहीं पता है तो अकाउंट्स खुलवाने पर जो डॉक्यूमेंट्स आपको मिले थे उसे चेक करें। उन डॉक्यूमेंट्स में आपको वेबसाइट का एड्रेस जरूर मिल जाएगा। अगर नहीं मिला तो बैंक के नजदीकी ब्रांच में जाकर भी वेबसाइट का एड्रेस पूछ सकते हैं। इसके अलावा जब भी आप बैंक या कोई भी शॉपिंग वेबसाइट ओपन करें तो यूआरएल में एचटीटीपीएस और ग्रीन लॉक जरूर चेक करें। अगर ग्रीन लॉक नहीं लगा हुआ है तो समझ जाएं कि वो वेबसाइट आपके लिए सिक्योर नहीं है।

3) एंड्रॉयड ऐप्स

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जब भी हमे अपने मोबाइल के लिए किसी ऐप्स की जरूरत होती है तो हम उसे प्ले स्टोर से डाउनलोड कर लेते हैं। लेकिन अगर कोई ऐप्प प्ले स्टोर में नहीं मिलता है तो लोग उसे गूगल में सर्च करते हैं और किसी वेबसाइट पर जाकर उस ऐप्प को डाउनलोड कर लेते हैं। अगर आप भी ऐसा ही करते हैं तो यहां हम आपको बताना चाहेंगे कि आप अपने डेटा और मोबाइल की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं।

प्ले स्टोर के अलावा अगर आपको किसी दूसरी वेबसाइट पर Android या iOS App मिलता है तो 99 प्रतिशत चांस है कि उस ऐप्प में वायरस या मैलवेयर हो सकता है। जो आपके फोन को इन्फेक्टेड करके आपका सारा डेटा हैकर्स तक पहुँचा सकता है। ये वायरस इतने खतरनाक होते हैं कि आपके मोबाइल के मैसेज तक को रीड कर सकते हैं जिससे हैकर्स आपके मोबाइल पर आने वाले बैंक के ओटीपी को रीड करके आपके बैंक बैलेंस को जीरो कर देता है। इसलिए कभी भी भूलकर गूगल सर्च में दिखने वाले वेबसाइट से एंड्रॉयड ऐप्स को डाउनलोड न करें।

4) दवाइयां या नुस्खे सर्च न करें

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स्मार्टफोन हाथ में आ जाने से आजकल हर व्यक्ति बिना मेडिकल की पढाई किए डॉक्टर बना बैठा है। जरा सी कुछ प्रॉब्लम होते ही लोग सबसे पहले गूगल में सर्च करके उसका इलाज ढूंढना शुरू कर देते हैं। ऐसी हजारों-लाखों वेबसाइट्स हैं जो अपने आर्टिकल में आपकी हेल्थ प्रॉब्लम का इलाज या नुस्खा बताने का दावा करती है। उनमे से कुछ सही भी होते हैं कुछ फेक भी होते हैं।

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लेकिन सबसे बड़ी बात ये है कि आपको एग्जैक्ट क्या बीमारी हुई है ये बात सिर्फ डॉक्टर ही चेक करके बता सकता है। लेकिन अगर आप डॉक्टर के पास न जाकर गूगल से ही पूछ कर अपना इलाज करेंगे तो हो सकता है कि आपकी छोटी सी बीमारी कोई भयानक रूप ले ले और अगर चलकर आपको कोई लाइलाज बीमारी हो जाए। इसलिए कभी भी किसी भी बीमारी के इलाज के लिए हमेशा डॉक्टर के पास जाएं, गूगल के पास नहीं।

5) फाइनेंशियल एडवाइस

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आजकल लोग अपनी मेहनत की कमाई को शेयर मार्केट या म्यूचूअल फंड में इंवेस्ट करने में ज्यादा रूचि दिखाने लगे हैं और ये अच्छी बात भी है। लेकिन यहां भी लोग कोई इंवेस्टमेंट से पहले किसी एक्सपर्ट से सलाह लेने की जगह गूगल बाबा से पूछना जरूरी समझते हैं। माना कि गूगल के पास आपकी हर समस्या का समाधान है लेकिन जो बात एक्सपर्ट बता सकता है वो गूगल भी नहीं बता सकता।

दरअसल मार्केट हमेशा अप-डाउन होते रहता है लेकिन गूगल पर जो आर्टिकल्स होते हैं वो एक दिन से लेकर कई साल पुराने होते हैं। ऐसे में वहां बताए गए तरीके भी आउटडेटेड हो चुके होते हैं। अगर आप उन स्टेप्स को फॉलो करके इंवेस्ट करेंगे तो आपकी मेहनत की कमाई का डूबना तय है। इसलिए जब भी इंवेस्टमेंट से रिलेटेड कोई बात जाननी हो तो एक्सर्ट्स से पूछें, गूगल से नहीं।

6) गलत चीजें सर्च न करें

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जब इंसान खाली बैठा होता है तो उसके दिमाग में कोई न कोई उल्टी बात चल रही होती है और फिर वो उन चीजों को गूगल में सर्च करता है। कई बार लोग गूगल पर किसी आतंकवादी संगठन से जुड़ी डीप जानकारी सर्च करते हैं या हथियार बनाने के तरीके जानने की कोशिश करते हैं या ऐसी ही कुछ उल्टी-सीधी चीजें सर्च करते हैं। हम आपको बताना चाहेंगे कि हर देश कि इंटेलिजेंस एजेंसी के पास कुछ ऐसे कीवर्ड्स की लिस्ट होती है जिसे आम आदमी गूगल में सर्च करता है तो इंटेलिजेंस एजेंसी को उसका पता चल जाता है।

अगर आपने गलती से उसे सर्च किया है तब तो ठीक है लेकिन अगर आप ज्यादा डीप में चले गए हैं तो कभी भी पुलिस आपके दरवाजे पर आ सकती है। आपको जेल में डाला जा सकता है और आपसे कड़ी पूछताछ हो सकती है। इसलिए बेहतर होगा कि आप ऐसी कोई भी गलत चीज सर्च न करें जो आपको मुसीबत में फंसा दे।

अगर आपको पता है कि इसके अलावा और भी कौन-कौन सी चीजें हैं जो गूगल में सर्च नहीं करनी चाहिए तो कमेंट करके जरूर बताएं।


आपको यह जानकारी कैसी लगी कमेंट कर के जरूर बताइएगा। ऐसी हीं खबर पढते रहने के लिए हमारे न्यूजलेटर को सब्सक्राइब जरूर करें और लगातार अपडेट पाने के लिए हमारे यूट्यूब चैनल और फेसबुक पेज को लाइक जरूर करें।



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